
मानक अनुरूप धान (कदम 4)
उर्वरक प्रबंधन
एकीकृत पोषण प्रबंधन (INM)
मृदा संशोधन – बेसल प्रयोग
उत्पाद | अनुशंसित मात्रा/विधि |
जैविक मृदा संशोधक (Bhuvedyam) | 200 किग्रा/एकड़ – पडलिंग से पहले मुख्य खेत में डालें |
जिंक सल्फेट | 10 किग्रा/एकड़ – बेसल में |
बेसल उर्वरक (Basal Fertilizer)
पोषक तत्व | किग्रा/एकड़ | स्रोत |
नाइट्रोजन (N) | ~45-50 किग्रा | Urea |
फास्फोरस (P₂O₅) | ~43–45 किग्रा | DAP |
पोटाश (K₂O) | ~33–34 किग्रा | MOP |
जिंक सल्फेट (ZnSO₄) | ~10 किग्रा | ZnSO4 |
टॉप ड्रेसिंग (Top Dressing)
चरण/समय | उत्पाद | अनुशंसित मात्रा |
1st टॉप ड्रेसिंग (रोपाई के 20–25 दिन बाद) | Urea | यूरिया: ~25 किग्रा/एकड़ (कुल N का 1/3) |
2nd टॉप ड्रेसिंग (पैनिकल इनिशिएशन – (रोपाई के 45–55 दिन) | LCC (Leaf Color Chart) आधारित Granular Urea | खेत में पत्ती का रंग LCC चार्ट से मिलाएँ; यदि रंग निर्धारित स्तर से कम हो तो आवश्यकता अनुसार यूरिया डालें, अन्यथा न डालें ।
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– यदि टॉप ड्रेसिंग के बाद फसल कमजोर दिखाई दे, तो 500 मिली/एकड़ की मात्रा में नैनो यूरिया का ड्रोन द्वारा पर्णीय छिड़काव करें।
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PGR – समुद्री शैवाल अर्क
उत्पाद | अनुशंसित मात्रा |
सीवीड एक्सट्रैक्ट | कल्ले अवस्था (25-30 DAT) पर 400 मिली/एकड़ को 150 लीटर पानी में घोलकर पर्णीय छिड़काव करें। |
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